रेल्वेब्रिज

“हैदर, कितने बाटल्या जमा होगये?”, आळस देत सलीमने विचारले.त्याची झोप आताच उघडली होती.
“१०० को १५ कम है, मुकादम बोला १०० से निचे लेगायीच नही. पैसा अटका है पेहले का, बोलता १०० बाटल्या एक साथ लाओ अाैर सारा पैसा एकसाथ लेके जाव, वरणा शकल नही दिखानेका.पटरीपार जाके आया मै,लेकिन जुगाड नही हुआ”,हैदर काहीसा चिंताग्रस्त वाटत होता.
“मायाकडं आहेत रं, पण ७ आहेत. बिसलरीच्या ४, गावठी ३. पण लका १०० नाहीच होणार. आत तर अंधार बी झालाय”, सतीशने सांगितले.
“अरे सत्या भाई, १०० नही है, तो फिर आज रात का खाना मुश्कील है”, सलीम.
“हा ना भेनचोद, लोक आजकाल रिकाम्या बाटल्या पण घरला न्यायला लागलेत बघ”, सतीश.
“सबेरे का कुछ है भाई, वो ब्रेड का एक प्याकेट है. थोडी सुकी रोटी भी है”, हैदर.
“३ लोग है रे, इतने से कुछ नही होगा. एक काम कर. चिलम निकाल. तू माल मळ रे सत्या. भूक तो मरेगी नशेसे”, सलीम.
“वो भंडारे मे कुछ मिल नही सकता क्या सत्या? तुम्हारा त्योहार है ना अाज?”, हैदर.
“आरं बाबा, अशी कापडं पाहूनच हाकलतील.एकवेळ भिकाऱ्याला देतील, पण आपल्याला नाय देणार.”,सतीश.
“ये लो भाई, जलाओ. माचिस आपके पास ही है”,हैदर.
“ये ब्रेड-रोटी कोन दिया रे? डेट तो आजकायीच दिख रहा है इसके उपर”, सलीम.
“वो भाई, कुछ लोग आये थे. सफेद कपडा पेहने थे”,हैदर.
“भाड मे जाने दे! खाना तो मिला. तुम दोनो भी सुनो, चर्च वाले थे वो लोग. कुछ दिया खानेको तो चुपचाप ले लेनेका. बाकी उन लोगोंकी बाते सुनके दिमाख मे कुछ भरनेका नही. अपने काम से काम रखनेका .ये चिलम ले, सत्या”, सलीम.
” भाई, वो लोग बोल रहे थे की कल भी खाना देगे”,हैदर.
“कल का कल देखेंगे! कल ८ बाटल्या जमाओ. मुकादम से अटका हुआ सारा पैसा ले लेंगे.बाकी मालिक पे भरोसा”, सलीम.

—-अंत्यज—-

Published by: Piyush Nichat ('अंत्यज')

Those who realize the responsibility towards society, take an initiative for its betterment. This is what I have engrained in me since my childhood. I like people's stories. Common people, working for development in my country. I know it won't be achieved in a day, I m really proud for being among such people and write their stories yo inspire others.

Leave a comment

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s